जिलाधिकारी आकांक्षा कोंडे की अध्यक्षता में शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय पुनरीक्षण समिति की त्रैमासिक बैठक आयोजित की गई। बैठक में ऋण-जमा अनुपात, वार्षिक ऋण योजना, प्राथमिक क्षेत्र में उपलब्धि तथा सरकार द्वारा संचालित विभिन्न ऋण योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।
जिलाधिकारी ने सभी बैंकों को अगले तीन माह में वर्तमान ऋण-जमा अनुपात में 05 प्रतिशत की वृद्धि करने और कृषि मियादी ऋण को 40 प्रतिशत करने के निर्देश दिए। बैठक में अनुपस्थित रहने वाले संबंधित बैंक प्रबंधकों एवं सरकार की महत्वपूर्ण ऋण योजनाओं को बिना कारण लंबित रखने वाले बैंक अधिकारियों के विरुद्ध कार्यवाही को लेकर रिपोर्टिंग अधिकारी को पत्र प्रेषित करने के निर्देश लीड बैंक अधिकारी को दिए।
उन्होंने कहा कि जनपद में छोटे-छोटे व्यवसाय से जुड़े काश्तकार रहते हैं उन्हें नियमानुसार सकारात्मक दृष्टिकोण के साथ ऋण उपलब्ध कराया जाए, उससे आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलता है।
जिलाधिकारी ने सभी बैंक अधिकारियों को सेवायोजन अधिकारी के साथ समन्वय करते हुए कैरियर काउंसलिंग शिविरों में प्रतिभाग करने, शिक्षा ऋण सहित अन्य स्कीमों की जानकारी देने तथा विद्यार्थियों को कैरियर संबंधी मार्गदर्शन देने के निर्देश दिए। समाज कल्याण अधिकारी को आधार सीडिंग के अवशेष आवेदनों की जानकारी उपलब्ध कराने तथा डीडीओ को बैंक सखियों की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
इसके साथ ही ग्राम सभा कर्मी एवं नामती चेटा बगड़ में बैंक शाखा खोलने की संभावना को लेकर सभी बैंकों को सर्वे कर एक सप्ताह के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए


